रेप का एक मामला सामने आता है, लोगों में आक्रोश उमड़ता है, कानूनी बातें शुरू होती हैं. अपराधी के गले में फंदा डालने की आवाजें उठने लगती हैं कि तभी एक और रेप की घटना को अंजाम दे दिया जाता है. फिर वही होहल्ला. आखिर क्यों यह सिलसिला लगातार जारी है?