क्रिकेट के सभी प्रारूपों में टेस्ट क्रिकेट एक ऐसा प्रारूप है जिसमें खिलाड़ी की असली क्षमता का पता चलता है. एकदिवसीय और टी-20 फॉर्मेट में तो खिलाड़ियों पर दवाब रहता है जल्दबाजी में रन बनाने की लेकिन टेस्ट में एक बल्लेबाज को रन भी बनाना होता है और विकेट भी बचाना होता है. टेस्ट में भारतीय टीम नंबर वन पोजीशन पर है. उसका कारण है कि इस टीम के पास कुछ ऐसे खिलाड़ी निखर के आए हैं जो लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं.

भारत के सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल ने बांग्लादेश के खिलाफ दोहरा शतक जड़ा. ये उनका दूसरा दोहरा शतक है. इसके साथ उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के महान बल्लेबाज डॉन ब्रैडमैन से भी आगे निकल गए. मयंक ने होल्कर स्टेडियम में बांग्लादेश के साथ जारी पहले टेस्ट मैच के दूसरे दिन छक्के के साथ अपने करियर का दूसरा दोहरा शतक पूरा किया. मयंक ने 12वीं पारी तक जाते-जाते दो दोहरे शतक लगा लिए हैं जबकि ब्रैडमैन ने दो दोहरो शतकों के लिए 13 पारियों का इंतजार किया था.

ये भी पढ़ें- T-20 फौर्मेट में गेंदबाजों के आगे फीके पड़े बल्लेबाजों के तेवर, देखें दिलचस्प रिकॉर्ड

रिकॉर्डों को अलग कर देखा जाए तो मयंक अग्रवाल इस वक्त टीम इंडिया के लिए तुरुप का इक्का बन चुके हैं. हम ये इसलिए नहीं कह रहे क्योंकि उन्होंने दोहरा शतक जड़ा है बल्कि ये बल्लेबाज हर दिन अपने खेल में सुधार कर रहा है. सहवाग के बाद टीम के पास कोई ऐसा ओपनर नहीं था जोकि लगातार रन बनाएं और विकेट भी न गंवाए. इस वक्त रोहित शर्मा और मयंक अग्रवाल जैसे दो दमदार खिलाड़ी टीम को बेहतरीन शुरूआत दे रहे हैं.

मयंक अग्रवाल ने अब तक आठ टेस्ट की 12 पारियों में 858 रन बनाए हैं. उनका बैटिंग एवरेज 71.50 का है. वहीं अगर स्ट्राइक रेट की बात करें तो 56.48 का है. मयंक ने तीन शतक, दो दोहरे शतक और तीन अर्धशतक जड़े हैं.

मयंक अग्रवाल की तकनीक, टेम्प्रामेंट और टाइमिंग लाजवाब है. हर मैच में मयंक के निखरते प्रदर्शन को देखकर कहा जा सकता है कि वो भी रोहित की तरह भारतीय टीम में एक दमदार ओपनर के तौर पर अपनी जगह पक्की करने के लिए अग्रसर हैं. आंकड़ों में अगर रोहित और मयंक की पिछली पांच पारियों के प्रदर्शन पर गौर करें तो आप चौंक सकते हैं। बतौर ओपनर रोहित ने पिछली पांच पारियों में 107 की शानदार औसत से 535 रन बनाए जिसमें तीन शतक भी शामिल है और इसमें एक दोहरा शतक भी हिटमैन के बल्ले से निकला.

ये भी पढ़ें- हर मोर्चे पर विफल हो रही टीम इंडिया, क्या पूरा हो पाएंगा टी-20 विश्व कप जीतने का सपना

वहीं भारतीय टीम के दूसरे सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल पिछली पांच पारियों में 116.06 के शानदार औसत से 583 रन बनाए हैं. जिसमें मयंक ने तीन शतक औक दो दोहरे शतक लगातक अपनी ताकत दिखाई. सिर्फ इतना ही नहीं मयंक 2019 में 740 रन अपने खाते में जोड़कर भारत के लिए टेस्ट में सबसे ज्यादा रन बनाकर विराट कोहली को पछाड़कर पहले नंबर पर आ चुके हैं.

मयंक न सिर्फ खुद को टीम में स्थापित कर चुके हैं बल्कि टीम इंडिया के लिए उनका योगदान अब जीत की शक्ल लेना शुरू कर चुका है. उनकी फॉर्म उनके शानदार आंकड़ों से साफ जाहिर है. कप्तान का विश्वास मयंक पर अडिग है तो फैंस के दिल में भी मयंक हीरो के किरदार में फिट हो रहे हैं.

दोहरे शतक के बाद मयंक अग्रवाल ने जो कहा वो दिल छू लेने वाली बात है. मयंक ने कहा कि असफलता के डर को पीछे छोड़ने से उनकी रन बनाने की भूख बढ़ गई. मयंक की पारी के दम पर टीम इंडिया खेल के दूसरे दिन बेहद मजबूत स्थिति में पहुंच गई.  मयंक अग्रवाल ने कहा कि ऐसा भी वक्त रहा है जब मैं रन नहीं बनाए हैं. इसलिए जब भी मैं क्रीज पर जम जाता हूं तो मेरी कोशिश रहती है कि मैं बड़ी पारी खेलूं. मानसिकता की बात करें तो असफलता के डर को पीछे छोड़ने से मुझे काफी फायदा हुआ. इसके बाद मेरी रनों की भूख काफी बढ़ी है.

ये भी पढ़ें- DCP किरण बेदी! के समय भी यही हाल था जो आज दिल्ली पुलिस और वकीलों के बीच है

Tags:
COMMENT