Short Story. शादी के जश्न में मयंक और अहाना की नजरें क्या मिलीं, एक तूफान सा पैदा हो गया. फिर ऐसा कुछ हुआ कि मयंक की नींद उड़ गई…

मयंक अपने बचपन के एक दोस्त की शादी के जश्न में शामिल था. वह हमेशा ही उत्साह से भरा रहता था, लेकिन आज का माहौल कुछ और ही था. डीजे की धुन उसे मदहोश कर रही थी और दोस्तों का समूह मस्ती में  झूम रहा था.

मयंक अपनी मस्ती में इस कदर खोया हुआ था कि डांस फ्लोर पर उस का हर कदम एक कहानी कह रहा था, जिसे देखने वालों की आंखें उस पर ठहर जाती थीं.

‘‘यार मयंक, देख तो सही…’’ उस के दोस्त, रोहित ने उस के कान में फुसफुसाया, ‘‘वह लड़की, कोने में, तु झे कनखियों से देख रही है.’’

मयंक ने सहजता से मुड़ कर देखा. सचमुच, गुलाबी लहंगे में एक बहुत खूबसूरत लड़की खड़ी थी. उस का नाम था अहाना, जिस की आंखों में शरारत भरी एक अनोखी चमक थी.

जैसे ही उन की नजरें मिलीं, अहाना ने मंदमंद मुसकराते हुए अपनी कमर को मटकाया और अपने डांस को और भी ज्यादा मोहक बना दिया.

अहाना का अंदाज मयंक को दीवाना बना रहा था. वह मयंक को देख रही थी, और मयंक बस उसे. अगले पल, अहाना ने अपने दोस्तों को पीछे छोड़ा और सीधे मयंक के ग्रुप के सामने आ गई.

अब उन का डांस, एकदूसरे को चुनौती देने और एकदूसरे को रि झाने का काम कर रहे थे. अहाना की आंखें हर बार मयंक पर पड़तीं और उन के होंठों पर एक मासूम सी हंसी तैर जाती.

मयंक को लगा जैसे यह सुहानी शाम केवल उन 2 लोगों के लिए ही आई है. संगीत की धुनें उन के दिलों को  झक झोर रही थीं.

यह सिलसिला काफी देर तक चलता रहा, लेकिन भीड़ और दोस्तों के बीच वह उस से बात करने की हिम्मत नहीं जुटा पाया.

जल्द ही, अहाना अपने दोस्तों के साथ भीड़ में कहीं गुम हो गई. मयंक के दिलोदिमाग में बस उस की खिलखिलाहट और वह गुलाबी लहंगा छाए रहा.

कुछ दिनों बाद, उस के दोस्त के बहन की मेहंदी की रस्म थी. मयंक अपने दोस्तों के साथ उस उत्सव में शामिल था. अचानक, ढोल की थाप और गाने के बीच, मयंक और अहाना फिर से एकदूसरे के सामने आ गए.

‘‘हाय…’’ अहाना ने एक हलकी मुसकान के साथ कहा. ‘‘नमस्ते,’’ मयंक ने थोड़ा  झेंपते हुए जवाब दिया.

‘‘डांस फ्लोर पर आप का डांस कमाल का था मयंक,’’ अहाना ने उस की आंखों में देखते हुए कहा.

इतना सुन कर मयंक शरमा गया, ‘‘और आप का डांस तो कयामत ढहा रहा था.’’

उन दोनों में देर तक बात नहीं हो पाई, क्योंकि अहाना को उस की सहेलियों ने खींच लिया. लेकिन मयंक के मन में अब यह निश्चित था कि यह मात्र संयोग नहीं है.

मयंक को अगली सुबह एक जरूरी काम के लिए शहर से बाहर जाना था, इसलिए रात में भोजन के बाद, उस ने सभी से विदा ली और घर जाने के लिए निकल पड़ा.

सड़क पर आ कर, उस ने अपनी कार का इंजन औन किया और उसे बैक करने लगा. अचानक, एक तेज ‘ठकठक’ के साथ, कार का दरवाजा खुला और फुरती से अहाना अगली सीट पर आ कर बैठ गई.

मयंक ने हंसते हुए, थोड़ी शरारत के साथ पूछा, ‘‘अरे वाह… कहां जाना है आप को? और ऐसे अचानक? सब ठीक है न?’’

अहाना ने कोई जवाब नहीं दिया. उस ने मयंक को अपनी तरफ खींचा और अचानक, एक लंबी, रोमांटिक किस दी. अचानक मिले इस चुम्मे से मयंक अवाक रह गया.

अहाना ने खुद को दूर किया, उस की सांसें तेज थीं, और उस की आंखों में अब शरारत के साथसाथ एक गहरा आकर्षण भी था.

‘‘यह उस डांस के लिए…’’ उस ने मुश्किल से फुसफुसाते हुए कहा, ‘‘और इसलिए भी कि… मैं ने तुम्हें उस दिन बहुत मिस किया.’’

फिर उस ने एक गहरी सांस ली, मयंक को ‘बाय’ कहा, और उतनी ही तेजी से कार से उतर गई.

मयंक ने देखा कि उस की सहेलियां कुछ दूरी पर खड़ी थीं और यह सब देख कर मुसकरा रही थीं.

अहाना ने मुड़ कर मयंक को हाथ हिलाया और अपनी सहेलियों की ओर चल दी. उस की चाल में एक गजब का निखार था.

मयंक, स्टीयरिंग पर हाथ रखे, अवाक रह गया. उसे कुछ भी नहीं सू झ रहा था कि यह सब क्या था. एक पल की चुप्पी के बाद, उस के होंठों पर एक हलकी सी हंसी तैर गई. यह अनुभव इतना रोमांचक था कि उस के चेहरे पर मुसकान आ गई. वह अहाना से मिली इस किस  सातवें आसमान पर था

मयंक ने कार को सड़क पर मोड़ा, मन में अहाना की वे शरारती आंखें और वह चुंबन लिए, यह सोचते हुए कि अब अगली मुलाकात कब और कैसे होगी.

यह रात मयंक के लिए एक अनकहा इकरार और एक खूबसूरत शुरुआत ले कर आई थी. उधर, अहाना के मन में क्या चल रहा था, यह एक खूबसूरत राज था.  Short Story

और कहानियां पढ़ने के लिए क्लिक करें...