Crime and Society: आजकल लोग बिना सोचेसमझे अपराध कर बैठते हैं. न उन्हें पीड़ित का दर्द दिखता है और न ही अपने भविष्य का खयाल रहता है. नशा, गुस्सा या लालच में उठाया गया एक गलत कदम उन की जिंदगी सलाखों के पीछे तबाह कर देता है. ऐसे ही कुछ ताजा मामले हम आप के सामने रख रहे हैं, जिन्हें सुन कर आप दंग रह जाएंगे और सोचेंगे कि आखिर अपराधियों ने पाया क्या?

नाबालिग के साथ पिता ने किया रेप

दिल्ली के नजफगढ़ से हाल ही में एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है जहां एक नाबालिग बच्ची को उस के ही सौतेले पिता ने दरिंदगी का शिकार बना डाला. इस घटना ने हर किसी को हैरान कर दिया कि आखिर एक इनसान इतनी नीच हरकत कैसे कर सकता है, जिस ने न रिश्तों की अहमियत का खयाल रखा और न ही उस मासूम की उम्र और उस के भविष्य का.

मामला 21 अगस्त का है. पीड़िता अपनी मां और परिवार के साथ रह रही थी. यह बच्ची मां की पहली शादी से थी. मां ने बाद में दूसरी शादी की, लेकिन हाल ही में अपने भाई की मौत की वजह से वह तकरीबन 20 दिनों से मायके में रह रही थी. इसी दौरान सौतेले पिता ने मौका पा कर बच्ची के साथ घिनौनी वारदात को अंजाम दिया.

क्या इस हैवानियत से उस की हवस शांत हो गई? क्या इस कुकर्म से समाज में उस की इज्जत बढ़ गई? हकीकत तो यह है कि अपराध कर के वह खुद भी जेल की सलाखों के पीछे पहुंच गया और जातेजाते एक मासूम बच्ची की जिंदगी हमेशा के लिए बरबाद कर गया. अगर उस ने यह घटिया कदम न उठाया होता तो आज वह अपने परिवार के साथ खुशहाल जिंदगी जी सकता था, लेकिन एक पल की हवस ने सबकुछ छीन लिया.

दोस्ती से इनकार करने पर लड़की को उतारा मौत के घाट

क्या कोई इनसान इतना जालिम हो सकता है कि सिर्फ दोस्ती से इनकार करने पर किसी लड़की की जान ले ले? जरा सोचिए, ऐसी हरकत से आखिर उसे हासिल क्या हुआ? क्या उसे उस लड़की का साथ मिल गया? सच तो यह है कि अपराधी इस कदर जुनून और नफरत में डूब जाते हैं कि एक पल के लिए भी यह नहीं सोचते कि इस के नतीजे कितने भयानक हो सकते हैं.

इसी तरह का एक मामला डाबड़ी से सामने आया है, जहां एक लड़के ने सिर्फ इसलिए एक लड़की की बेरहमी से हत्या कर दी, क्योंकि उस ने उस की दोस्ती ठुकरा दी थी. हैवानियत की हद तो तब पार हो गई जब उस ने हत्या के बाद लड़की की लाश को बोरी में ठूंस कर फेंक दिया.

4 महीने की शादी में दुलहन से छीनी जिंदगी

इन दिनों दहेज के मामले लगातार सुर्खियों में हैं. ताजा घटना दिल्ली के छावला इलाके से सामने आई है, जहां एक नवविवाहिता की शादी के महज 4 महीने बाद ही उस की बेरहमी से हत्या कर दी गई. आरोप है कि पति और उस के परिवार वालों ने दहेज की मांग पूरी न होने पर यह घिनौना कदम उठाया. लड़की के मायके वालों का कहना है कि शादी के बाद से ही वह लगातार मारपीट झेल रही थी.

सवाल यह है कि आखिर इस हत्या से आरोपियों को मिला क्या? क्या उन का लालच पूरा हो गया? क्या उन्हें दहेज का पैसा या सामान मिल गया? मिली तो सिर्फ जेल की सलाखों के पीछे एक बरबाद जिंदगी. अगर वे एक पल को भी सोचते कि ऐसी हरकत का अंजाम क्या होगा, तो शायद न लड़की की जान जाती और न ही उन की खुद की जिंदगी बरबाद होती. Crime and Society

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