Panna diamond mines : पन्ना खदान मजदूर- चमकते हीरे का काला सच
गांधीग्राम, मनोर और बड़ौर जैसे गांवों में खदानों की धूल मजदूरों को सांसों में जा कर उन्हें अंदर ही अंदर खा रही है. पत्थर तोड़ते समय उड़ने वाली सिलिका सैंड सांस के जरीए फेफड़ों में जमा हो जाती है, जिस से सांस लेना दूभर हो जाता है.



