यह दोहरा मापदंड आज से नहीं, बल्कि 80 के दशक से है जब राजीव गांधी सरकार ने सलमान रुश्दी का भारत में आना ही बैन कर दिया था. तसलीमा नसरीन और तारिक फतह पर भी कई बार हमले हो चुके हैं.