इतना ही नहीं, वे उसे अपने साथ कहीं भी ले जा सकेंगी. इस प्रोडक्ट का नाम ‘बॉयफ्रेंड हग स्पीकर्स’ है. 2 बड़ी बांहों वाले इस प्रोडक्ट की बाजुओं में ब्लूटुथ स्पीकर्स भी लगे हैं जिन को गले लगाने पर म्यूजिक बजता है. सवाल उठता है कि ऐसा नकली बौयफ्रेंड बनाने की जरूरत ही क्या है? इस का जवाब यह है कि जापान ही नहीं, बल्कि अब हर कहीं ऐसे भावनात्मक लड़कों की कमी हो गई है जो अपनी गर्लफ्रेंड को गले लगा कर उस को राहत दे सकें. हां, गले पड़ने वाले लड़कों की कमी नहीं है. दूर क्यों जाएं, भारत में मीडिया में ऐसी खबरें भरी रहती हैं जिन में गले पड़ने वाले लड़कों की गुस्ताखियां या कहें अपराध लड़कियों के लिए आफत का सैलाब बन गए हैं.

जरा सी जवानी फूटी नहीं की कुछ मनचले बन जाते हैं फिल्म ‘डर’ के शाहरुख खान. लड़की थोड़ा सा पास आई नहीं कि वे उस पर सिर्फ अपना हक समझने लगते हैं, बपौती समझने लगते हैं. मजाल है कोई दूसरा देख जाए. अगर लड़की गलती से गर्लफ्रेंड बन गई तो फिर उन की जासूसी शुरू हो जाती है कि वह कहां जाती है, किस से मिलती है, सोशल मीडिया पर उस के कितने लड़के दोस्त हैं वगैरह.

दिल्ली मेट्रो की एक सच्ची घटना है. एक लड़का और एक लड़की आपस में बैठे बातें कर रहे थे कि अचानक लड़के ने उस लड़की का मोबाइल फोन उस से तकरीबन छीन लिया और उस के व्हाट्सएप मैसेज देखने लगा. लड़की का एकदम से मुंह उतर गया. उस लड़के ने वहीं पर बवाल मचा दिया कि वह दूसरे लड़कों से चैटिंग क्यों करती है?

लड़की ने उस लड़के के सभी सवालों के संतुष्ट करने वाले जवाब दिए पर उस लड़के ने देखते ही देखते उस लड़की की सुबह बरबाद कर दी. बाद में क्या हुआ यह तो नहीं पता पर यह उस लड़की के लिए यह खतरे की घंटी थी कि वह उस लड़के से रिश्ता तोड़ ले नहीं तो आने वाले समय में वह उस के ऐसा गले पड़ेगा कि उस को लेने के देने पड़ जाएंगे.

ऐसे बेहूदा लड़के ही लड़कियों पर तेजाब फेंकने या उन के साथ रेप करने की वारदात को अंजाम देते हैं. लड़की के नाराज होने पर वे चाहे कितनी बार माफी मांग लें लेकिन जब अपनी पर आते हैं तो उसी लड़की का मजाक बनाने में देर नहीं लगाते हैं.

अगस्त, 2018 की बात है. देश की राजधानी दिल्ली के भारत नगर इलाके में एक सिरफिरे आशिक हरीश ने लड़की अंशुल के घर में घुस कर उसे गोली मार दी थी.

शुरुआती जांच में पता चला था कि आरोपी हरीश अंशुल को पहले से ही जानता था. वे दोनों तकरीबन 5 साल तक रिलेशनशिप में रह चुके थे लेकिन किसी वजह से अंशुल की सगाई किसी दूसरे लड़के के साथ हो गई थी. सगाई के बाद अंशुल ने हरीश से ब्रेकअप कर लिया था जिस वजह से हरीश उस से नाराज था.

माना कि अंशुल की सगाई से हरीश दुखी था पर इस तरह उस पर गोली चलाने का लाइसेंस हरीश को किस ने दिया जो वह उस की जान लेने पर तुल गया? अगर यही मामला उलटा होता तब हरीश क्या करता?

समझदारी तो इसी में है कि इस तरह के गले पड़ने वाले सिरफिरे आशिकों से लड़कियों को समय रहते दूर हो जाना चाहिए, क्योंकि भारत में तो अभी उन का तनाव दूर करने वाले रोबोट बने नहीं हैं. यहां तो फिल्म ‘रोबोट’ का चिट्टी खुद ऐश्वर्या राय का दीवाना हो कर उस के गले पड़ गया था.

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