उत्तर प्रदेश के भदोही जनपद के गोपीगंज कोतवाली क्षेत्र के जहांगीराबाद की ये घटना है जो सामने आई है, इस घटना ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है. जो भी सुनेगा उसका कलेजा कांप जाएगा ये सोचकर ही भला कोई मां ऐसा कैसे कर सकती है? अब जरा आप भी जानिए कि आखिर ऐसा क्या हुआ.
गंगा घाट पर एक महिला ने अपने पांच बच्चों को गंगा में फेंक दिया. उन बच्चों को अभी भी पुलिस स्थानीय गोताखोरों के द्वारा ढ़ूढ रही है. सबसे आश्चर्य की बात तो ये है कि महिला खुद तैरक बाहर आ गई लेकिन बच्चों का कुछ भी अता-पता नहीं चल पाया. महिला ने बताया कि उसका पति से झगड़ा हुआ था, जिसकी वजह से उसने अपने पांचों बच्चों को गंगा में फेंक दिया. जहांगीराबाद गांव की रहने वाली महिला का नाम मंजू यादव है. शायद इसीलिए इसे कलयुग कहा गया है क्योंकि आप खुद सोचिए कि भला पति से झगड़े में उन बच्चों का क्या दोष था?
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ये घटना शनिवार देर रात की है जब उस महिला का अपने पति से किसी बात पर झगड़ा हुआ और फिर वो महिला अपने बच्चों को लेकर जहांगीराबाद गंगा घाट पर पहुंची, जहां उसने सभी बच्चों को गंगा में फेंक दिया. इन बच्चों की पहचान वंदना (12), रंजना (10), पूजा (6), शिव शंकर (8) और संदीप (5) के रूप में हुई है. महिला मंजू यादव ने बताया कि पहले उसने तीन बच्चों को गंगा में फेंका उसके बाद उसने अपने अन्य दो बच्चों को भी गंगा में फेंक दिया और फिर वह अपने घर चली आई.भला ये कैसी मां है जिसने अपने ही हांथों से अपने बच्चों को मौत के मुंह में डाल दिया अरे जब मारना ही था तो पैदा क्यों किया लेकिन कौन समझाए इस कलयुगी मां को.
पुलिस का कहना है कि वो अभी भी बच्चों की तलाश कर रही है क्योंकि शव मिले नहीं हैं. हालांकि महिला के पति ने साफ-साफ किसी भी झगड़े के होने से इंकार किया है और कहा कि हमारा कोई झगड़ा नहीं हुआ था पता नहीं इसने ऐसा कदम क्यों उठाया. बात जो भी हो लेकिन इन सब में उन मासूमों की जान चली गई जिनका कोई कसूर नहीं था. उन्होंने कभी सोचा भी नहीं होगा कि उनकी मां कुछ ऐसा करेगी उनके साथ और दो बच्चे तो इतने छोटे थें कि उन्हें तो कुछ पता भी नहीं होगा कि उनके साथ क्या हुआ. किस तरह से तड़प रहे होंगे वो सोचकर ही रूह कांप जाती है हाय रे मां ये तूने क्या कर डाला कैसे अपने ही हांथों से अपने बच्चों को मार डाला.