वैसे तो इस क्षेत्र में अपराध कम ही होते हैं, लेकिन 4 जुलाई को यहां जो कुछ हुआ, उस ने पहाड़ों की रानी कही जाने वाली शिमला तक को हिला कर रख दिया.