सरस सलिल विशेष

हीरो अक्षय कुमार ने बड़े जोश में केपटाउन से साल 2017 के पहले दिन अपने प्रशंसकों को नए साल का तोहफा देने के लिए अपनी फिल्म के पोस्टर ट्विटर पर रिलीज किए, लेकिन कुछ देर बाद ही अक्षय कुमार के प्रचारक का ईमेल आ गया कि उस खबर में कुछ गलती है, इसलिए उस का इस्तेमाल न करें. बाद में राज खुला कि अक्षय कुमार पर उन की 2 फिल्मों ‘पैडमैन’ और ‘टायलैट: एक प्रेमकथा’ पर कहानी चोरी का ऐसा इलजाम लग रहा है, जिस का जवाब किसी के पास नहीं है.

मसला ‘पैडमैन’ का

अक्षय कुमार की पत्नी ट्विंकल खन्ना एक फिल्म ‘पैडमैन’ बना रही हैं, जिस का डायरैक्शन आर. बाल्की करेंगे. अक्षय कुमार, अमिताभ बच्चन, सोनम कपूर व राधिका आप्टे जैसे कलाकारों से लैस इस फिल्म की शूटिंग मध्य प्रदेश के महेश्वर में नर्मदा नदी के तट के अलावा भोपाल में होनी है.

अक्षय कुमार ने जो पोस्टर ट्विटर पर दिया है, उस में लिखा है, ‘पैडमैन: बेस्ड औन एन ऐक्स्ट्रा और्डिनरी स्टोरी’. फिल्म के पोस्टर पर नाम के साथ ही सैनेटरी नैपकिन की तसवीर भी है. जी हां, फिल्म ‘पैडमैन’ की कहानी कोयंबटूर के एक कारोबारी अरुणाचलम मुरुगननाथम की जीवनी है.

ट्विंकल खन्ना फिल्म ‘पैडमैन’ को अपनी 4 कहानियों वाली किताब ‘द लीजैं ड औफ लक्ष्मी प्रसाद’ की कहानियों में से एक कहानी पर आधारित बता रही हैं. मगर इस फिल्म की पटकथा ट्विंकल खन्ना नहीं लिख रही हैं.

यह कहानी एक ऐसे आदमी की है, जो समाज के निचले तबके की औरतों को उन की अच्छी सेहत के लिए कम कीमत पर सैनेटरी नैपकिन मुहैया कराता है.

कौन हैं मुरुगननाथम

 साल 2016 में भारत सरकार द्वारा ‘पद्मश्री’ अवार्ड से सम्मानित किए गए अरुणाचलम मुरुगननाथम ने अपनी पत्नी की तकलीफ को देख कर सैनेटरी नैपकिन बनाने की एक सस्ती मशीन ईजाद करने के साथसाथ उसे गांवगांव तक इस तरह प्रचारित किया था कि आज भारत के 29 राज्यों में से 23 राज्यों में सैनेटरी नैपकिन बनाने वाली ऐसी मशीनें लग चुकी हैं.

बाजार में आमतौर पर मौजूद सैनेटरी नैपकिनों के मुकाबले अरुणाचलम मुरुगननाथम के बनाए सैनेटरी नैपकिन एकतिहाई लागत में ही आ जाते हैं. उन्होंने गांव की औरतों को सैनेटरी नैपकिन के उपयोग के लिए जागरूक भी किया है.

अब लोग सोच रहे होंगे कि ट्विंकल खन्ना और अक्षय कुमार तो अच्छा काम कर रहे हैं कि वे सस्ते सैनेटरी नैपकिन बनाने वाले की जिंदगी को रुपहले परदे पर लाने जा रहे हैं. मगर असली कहानी यह है कि अरुणाचलम मुरुगननाथम की जिंदगी पर पहले से ही डायरैक्टर अमित राय ‘आईपैड’ नामक फिल्म बना चुके हैं, जो निर्माता मोनीष सेखरी व डायरैक्टर अमित राय के बीच आपसी झगड़े के चलते रिलीज नहीं हो पाई थी, जबकि यह फिल्म साल 2015 में ही बन गई थी.

अमित राय ने इस फिल्म की शूटिंग साल 2014 में भोपाल में पूरी की थी और फिल्म को बेचने के लिए 2015 में गोवा के ‘इंटरनैशनल फिल्म फैस्टिवल’ में भी इसे ले जाया गया था.

वैसे, अमित राय का दावा है कि वे मार्च, 2017 में इस फिल्म को सिनेमाघरों में दिखाने वाले हैं. वे चाहते हैं कि फिल्म को रिलीज किया जाए, जबकि मोनीष सेखरी की सोच है कि इंटरनैशनल फिल्म फैस्टिवल में उन की फिल्म चर्चा बटोरे, पर इस फिल्म का चयन किसी भी इंटरनैशनल फिल्म फैस्टिवल में नहीं हो पाया.

अक्षय कुमार की फिल्म ‘पैडमैन’ ही विवादों में नहीं आई है, बल्कि उन की एक और फिल्म ‘टायलेट: एक प्रेमकथा’ भी विवादों में आ गई है.

ऐडिटर से डायरैक्टर बने श्रीनारायण सिंह की पहली फिल्म ‘टायलेट: एक प्रेमकथा’ में अक्षय कुमार और भूमि पेडणेकर की जोड़ी है, जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘स्वच्छ भारत अभियान’ की वकालत करती है.

मगर गुजराती फिल्मों के मशहूर डायरैक्टर कृष्णदेव याज्ञनिक का दावा है कि यह कहानी उन की बन रही फिल्म ‘नारायण दास पे ऐंड यूज’ से चुराई गई है. इस फिल्म की शूटिंग वे जनवरी, 2017 के दूसरे हफ्ते से अहमदाबाद में शुरू करने वाले थे.

इन दिनों फिल्मों की कहानी में ‘पे ऐंड यूज टायलेट’ चलाने वाले एक नौजवान को झुग्गीझोंपड़ी में रहने वाली लड़की से प्यार हो जाता है. यह लड़की हर दिन टायलेट का उपयोग करने आती थी, तभी इन का प्यार परवान चढ़ता है.

कृष्णदेव याज्ञनिक कहते हैं, ‘‘मेरी समझ में यह नहीं आ रहा है कि मेरी फिल्म की कहानी, किरदार व किरदार का नाम सबकुछ उन तक कैसे पहुंच गया. मैं ने तो इस फिल्म की कहानी आज से 5 साल पहले लिखी थी.’’

मजेदार बात यह है कि ‘पैडमैन’ और ‘टायलेट: एक प्रेमकथा’ को ले कर उठे विवादों पर अक्षय कुमार की तरफ से कोई सफाईनामा नहीं आया है.